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VID-20200424-WA0008

आईड़ाणा. लॉकडाउन के बाद ग्रामीण जीवनशैली में भी काफी बदलाव आए हैं। इस समय घरों में दही, घी एवं छाछ की प्रचुरता दिखाई ेदेने लगी है। समय एवं जिन्दगी की भागदौड़ ने ग्रामीणों की जीवन शैली को भी बदल कर रख दिया था तथा ग्रामीण अपने घरों में दूध की खपत कम कर उसे बाजार में बेचने लगे थे। ऐसे में थोड़े से पैसों की खातिर घर में दुधारू पशु होने के बाद भी दूध, दही, छाछ एवं घी की कमी रहने लगी थी। पर इस लॉकडाउन ने फिर से पुराने दिन लौटा दिए हैं। अब दूध बाहर जा नहीं रहा और घर-घर दूध व अन्य सामग्री पर्याप्त मात्रा में रहने लगी है। जिनके घर दुधारू पशु नहीं हैं, वे पड़ौसी भी उनके घर से छाछ आदि ले जाने लगे हैं। लॉकडाउन के बाद गांवों में घर-घर दूध से दही बन रहा है और सवेरे छाछ बिलोने की आवाजें सुनाई देने लगी हैं।